सोनानन्दन टीचर्स ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट में पुरातन छात्र सम्मान समारोह का हुआ आयोजन

सोनानन्दन टीचर्स ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट में पुरातन छात्र सम्मान समारोह का हुआ आयोजन

जौनपुर। सीहीपुर स्थित सोनानन्दन टीचर्स ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट नीलदीप एकेडमी बीटीसी (डीएलएड) शिक्षण संस्था में सोमवार को पुरातन छात्र सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इस मौके पर वर्ष 2012 से अब तक उत्तीर्ण हो चुके पुरातन छात्र उपस्थित हुए। उत्तीर्ण हो चुके बच्चों में 90 प्रतिशत से अधिक प्रदेश के विभिन्न जिलों में शिक्षक के पद पर कार्यरत हैं। कार्यक्रम में पुरातन छात्रों का स्वागत तिलक लगाकर और पुष्पों की माला पहनाकर किया गया। 2019 बैच के प्रशिक्षुओं द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किया गया।

मुख्य अतिथि बयालसी डिग्री कालेज के प्राचार्य डा. अखिलेश चन्द्र सेठ ने कहा कि सोनानन्दन संस्थान जनपद ही नहीं बल्कि प्रदेश स्तर पर अपनी पहचान बनाये रखी है। यहाँ से प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले प्रशिक्षु निरंतर सफलता के नये आयाम स्थापित कर रहे हैं। तिलकधारी महिला महाविद्यालय की प्रवक्ता डा. शालिनी सिंह ने बच्चों को सफलता का मूल मंत्र दिया और समाज में शिक्षक की महत्ता को रेखांकित किया। प्रदेश के विभिन्न जिलों में नियुक्त शिक्षकों ने बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया।

 


उन्होंने सोनानन्दन नीलदीप कैम्पस के प्रबन्धक, प्राचार्य और शिक्षकों को अपनी सफलता के लिये श्रेय दिया। शिक्षक गौरव सिंह और राहुल राय ने कहा कि शुरू में यहां के अनुशासन को लेकर हम सब बहुत भ्रमित रहते थे लेकिन धीरे-धीरे यह समझ में आने लगा कि यदि जीवन में सफल होना है तो संस्था के नियम और अनुशासन को ध्यान में रखना ही होगा। सोनानन्दन परिवार को अपनी सफलता का श्रेय देते हैं।

 

इस मौके पर सोनानन्दन के प्रबन्धक प्रदीप कुमार सिंह ने कहा कि मेरा यह प्रयास है कि यहाँ पर जो भी छात्र प्रशिक्षण ले रहे हैं वे सब अवश्य सफल हों। अब तक प्रशिक्षु लगातार सफल भी हो रहे हैं। कार्यक्रम की अध्यक्षता पेट्रोलियम वितरक समिति के महासचिव रामपाल सिंह ने किया। कार्यक्रम को शिक्षण संस्थान की प्राचार्या डा. रेखा जायसवाल, संध्या सिंह, प्रवक्ता राहुल द्विवेदी, आलोक कुमार, कल्याणी राय, धर्मेन्द्र कुमार, परवीन जहाँ, प्रवीन श्रीवास्तव आदि ने संबोधित किया। कार्यक्रम का संचालन प्रवक्ता श्रीमती रिंकू यादव ने किया। सभी के प्रति आभार प्रबन्धक प्रदीप कुमार सिंह ने व्यक्त किया।