जौनपुर। जनपद से प्रकाशित एक हिन्दी दैनिक समाचार पत्र के जिला संवाददाता अजय पाण्डेय के पिता साहित्कार डा. हृदय नारायण पाण्डेय का गुरूवार को तड़के हृदय गति रूक जाने से निधन हो गया। परिजनों के अनुसार वह पिछले कुछ दिनों से अस्वस्थ चल रहे थे। लगभग 86 वर्षीय डा. पाण्डेय जौनपुर होम्योपैथिक मेडिकल कालेज के अवकाशप्राप्त मेडिकल आफिसर के अलावा साहित्यकार थे। नगर के जोगियापुर में एक क्लीनिक चलाने के साथ ‘अकेला चना भाड़ फोड़ सकता है’ जैसी कालजयी सहित तमाम रचनाओं को उन्होंने हिन्दी साहित्य को दिया है। उनके निधन की जानकारी होने पर जनपद के तमाम चिकित्सकों, साहित्यकारों, अधिवक्ताओं, पत्रकारों में शोक की लहर दौड़ गयी। उनका अंतिम संस्कार नगर के राम घाट पर हुआ जहां मुखाग्नि उनके ज्येष्ठ पुत्र पत्रकार अजय पाण्डेय ने दिया। गौरतलब हो कि डा. पाण्डेय अपने पीछे 2 पुत्र, पुत्रवधू, 3 पुत्रियों सहित नाती-पोतों का भरा-पूरा परिवार छोड़ गये हैं। डा. पाण्डेय ने निधन पर वरिष्ठ चिकित्सक डा. ब्रह्मदेव पाण्डेय, डा. सत्येन्द्र सिंह, डा. पीसी शुक्ला, अन्तरराष्ट्रीय हिन्दू परिषद के प्रदेशस्तरीय पदाधिकारी तरूण शुक्ला, सपा नेता सिप्पिन रघुवंशी, भाजपा नेता नीतीश सिंह, शिक्षाविद् डा. ब्रजेश यदुवंशी, समाजसेवी दीपक चिटकारिया, सभासद सतीश त्यागी, सभासद नेपाली यादव, सभासद कृष्णा यादव, समाजसेवी विजय सिंह, केसी श्रीवास्तव एडवोकेट, पत्रकार चन्द्र प्रकाश तिवारी, शिक्षक डा. सदाशिव तिवारी, रोडवेज कर्मचारी नेता भवनाथ यादव, समूह सम्पादक रामजी जायसवाल, पत्रकार राजन मिश्रा, वाराणसी के पत्रकार बृजेश सिंह, पत्रकार विपिन सैनी, भाजपा नेता प्रशान्त त्रिपाठी, ओपी जायसवाल, अंकित जायसवाल, शुभांशू जायसवाल, महेन्द्र चौधरी, विवेक वर्मा, विपिन मौर्य एडवोकेट, अरविन्द विश्वकर्मा, राकेश श्रीवास्तव, दिवाकर मिश्रा, पत्रकार विनोद यादव, आचार्य रविन्द्र द्विवेदी, पूर्व सभासद लक्ष्मण बेनवंशी सहित तमाम लोगों ने शोक जताया।