चेतन सिंह बरसठी/ जौनपुर। विकास खंड में नित नए नए कारनामे रिकार्ड तोड़ रहे है। ताजा मामला बरसठी के पुरेशवा गांव से संबंधित है। लापरवाह कर्मचारियों और अधिकारियों द्वारा पुरेशवा गांव के लिए दो अरब साठ करोड़ रुपए से ज्यादा का प्रस्ताव बना कर शासन को भेज दिए जाने का मामला प्रकाश में आया है। जैसे ही शासन में बैठे उच्चाधिकारियों की नजर एक गांव के लिए इतने भारी भरकम बजट की मांग पर पड़ी तो शासन स्तर में खलबली मच गई।

इधर पुरेशवा गांव के प्रधान संगीता शुक्ला द्वारा बीत रहे वृतीय वर्ष में जो भी कार्य कराया गया उसके लिए अभी तक पिछले एक वर्ष से एक कौड़ी का भुगतान ग्राम पंचायत के किसी भी निधि से नही हो पाया है जिसका सबसे बड़ा कारण दो अरब साठ करोड़ से ज्यादा के भारीभरकम बजट की मांग शासन से किए जाने के कारण हैं। आपको को बता दे कि, हाल ही में बरसठी के ही खंडवा धावा गांव में ग्राम सचिव सुनील पटेल द्वारा शौचालय का ग्यारह लाख अस्सी हजार रुपए किसी अथर्व इंटरप्राइजेज नामक सस्था को ट्रांसफर कर सस्था से पूरा पैसा ले लिया गया था, चार महीने बाद मामला उजागर होने पर आनन-फानन में दबाव बनाकर दो किश्तों में पैसा को ग्राम सभा के खाते में पुनः जमा कराया गया।

अभी उस मामले में लीपा-पोती हो ही रही है कि, तब-तक यह दो अरब साठ करोड़ रुपए का भारीभरकम मामला प्रकाश में आने से पूरे बरसठी विकास खंड के गौरवशाली इतिहास को काला धब्बा लगाने के लिए पर्याप्त है। प्रधानपुत्र आकाश शुक्ला के अनुसार पिछले अप्रैल से ही ग्राम सभा का खाता फीज है बार-बार पूछने पर अधिकारी एवं कर्मचारी यह कहते रहे कि, डोंगल सिस्टम लागू होने के कारण ऐसी परेशानी हो रही है। जब सब मेटेंन हो जाएगा तो खाते से निकासी की जा सकेगी। लेकिन अधिकारी और कर्मचारी अपनी करनी को छिपाते रहे जब केंद्र और राज्य शासन से प्रस्तावित भेजा गया बजट पर आपत्ति लगा कर जिले को वापस भेजा गया तो उच्चाधिकारियों में हड़कंप मच गया।

इस मामले को लीपापोती करने में सभी लग गए प्रधान पुत्र जब मामले को लेकर जिला पंचायत राज अधिकारी व मुख्य विकास अधिकारी से इस संदर्भ में मिल कर वार्ता किए तो सभी ने यह कहते हुए मुँह बन्द रखने को कहा कि, यह बात लीक न हो शीघ्र ही इस गलती हो सुधार कर के आप के खाते का संचालन शुरू कर दिया जाएगा।

 अब ऐसे में सबसे बड़ा प्रश्न यह उठता है कि, पिछले लगभग एक वर्ष से विकास खण्ड मुख्यालय से इतने भारी भरकम प्रस्ताव बना कर जिले पर भेजा गया, जिले पर भी लापरवाही का आलम यह है कि किसी जिम्मेदार की नज़र उस गलती पर नही पड़ी और सीधे शासन को बजट आवंटन के लिए भेज दिया गया, क्या बरसठी विकास खण्ड में इसी तरह घोटाले-घपले होते रहेंगे या जिम्मेदारो द्वारा जांच कराकर ब्लॉक से लेकर जिला स्तर तक के संबधित कर्मचारियों, अधिकारियों पर कोई कार्यवाही भी की जाएगी।
इस संबंध में जब खंड विकास अधिकारी बरसठी राजन राय से पूछा गया तो उन्होंने कहा कि, पूरा मामला मेरे संज्ञान में है और शिघ्र ही इस गलती को ठीक करा दिया जाएगा। किस स्तर पर गड़बड़ी हुई इसकी जांच की जा रही है।